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पढ़ाई

उच्च शिक्षा ऋण की अवधारणा (HECS-HELP जैसी व्यवस्था)

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Photo: HK HKCEC Wan Chai 蘇富比 Sotheby's Preview 拍賣 預展 coffee milk cup Oct-2013 by Woweamence (CC BY-SA 3.0), via Openverse

ऑस्ट्रेलिया में उच्च शिक्षा के लिए एक सरकार समर्थित ऋण व्यवस्था उपलब्ध है, जिसके तहत पात्र छात्र पढ़ाई की फीस तुरंत चुकाने के बजाय बाद में, जब उनकी आय एक निश्चित स्तर तक पहुँचती है, चुका सकते हैं। यह व्यवस्था शिक्षा को अधिक सुलभ बनाने के उद्देश्य से बनाई गई है।

यह चुकौती आमतौर पर स्वचालित रूप से वेतन से होती है, जब आय एक तय सीमा पार करती है, और चुकाई जाने वाली राशि आय के अनुपात में तय होती है। इसका मतलब है कि कम आय होने पर तत्काल भारी भुगतान का दबाव नहीं रहता।

इस तरह के ऋण की पात्रता आमतौर पर नागरिकता या स्थायी निवास की स्थिति पर निर्भर करती है, इसलिए हर छात्र को इसके लिए स्वतः पात्र नहीं माना जाता। पढ़ाई शुरू करने से पहले अपनी पात्रता और शर्तों की जानकारी लेना वित्तीय योजना बनाने में मदद करता है।

इस ऋण की कुल शेष राशि हर साल एक निश्चित सूचकांक के अनुसार समायोजित हो सकती है, इसलिए समय समय पर अपने ऋण विवरण की जांच करना उपयोगी है। पात्र न होने वाले छात्रों के लिए फीस पहले से भुगतान करने पर कुछ मामलों में छूट भी उपलब्ध हो सकती है, जिसकी जानकारी संस्थान से ली जा सकती है।

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